Monday, December 20, 2021

UPSC Success Story: दादा से घर पर ही पढ़कर निशा ग्रेवाल ने यूपीएससी में पाई 51वीं रैंक, 23 साल की उम्र में मिली सफलता

UPSC Success Story: सफलता उन्हीं को मिलती है जो उसके लिए पूरी मेहनत और दिल से प्रयास करते हैं। हरियाणा की निशा ग्रेवाल ने महज 23 साल की उम्र में ही UPSC की परीक्षा क्लीयर करके ये कहावत साबित भी कर दी है।

निशा हरियाणा के भिवानी जिले के बामला गांव की रहने वाली हैं। उन्होंने देश की सबसे कठिन परीक्षा कही जाने वाली यूपीएससी में ऑल इंडिया 51वीं रैंक हासिल की है।

निशा एक ग्रामीण परिवेश से आती हैं, ऐसे में उनकी इस सफलता से उनके परिवार में सभी लोग बेहद खुश हैं। निशा के पिता सुरेंद्र ग्रेवाल बिजली विभाग में सहायक सब स्टेशन इंचार्ज हैं और उनके दादा गणित के टीचर रहे हैं।

निशा की सफलता के पीछे उनके दादा रामफल का बहुत बड़ा हाथ है। उन्होंने ही निशा को पढ़ाई के लिए प्रेरित किया और पढ़ाया। वे निशा को गणित के अलावा अन्य विषय भी पढ़ाया करते थे।

निशा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के मिरांडा हाउस महिला महाविद्यालय से अपना ग्रेजुएशन साल 2019 में पूरा किया। इसके बाद उन्होंने यूपीएससी की तैयारी शुरू की।

निशा से पहले उनके परिवार के ही भाई विक्रम ग्रेवाल ने भी 2 साल पहले यूपीएससी की परीक्षा क्लीयर की थी। वह IFS अधिकारी हैं।

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निशा हरियाणा के भिवानी जिले के बामला गांव की रहने वाली हैं। उन्होंने देश की सबसे कठिन परीक्षा कही जाने वाली यूपीएससी में ऑल इंडिया 51वीं रैंक हासिल की है।

निशा एक ग्रामीण परिवेश से आती हैं, ऐसे में उनकी इस सफलता से उनके परिवार में सभी लोग बेहद खुश हैं। निशा के पिता सुरेंद्र ग्रेवाल बिजली विभाग में सहायक सब स्टेशन इंचार्ज हैं और उनके दादा गणित के टीचर रहे हैं।

निशा की सफलता के पीछे उनके दादा रामफल का बहुत बड़ा हाथ है। उन्होंने ही निशा को पढ़ाई के लिए प्रेरित किया और पढ़ाया। वे निशा को गणित के अलावा अन्य विषय भी पढ़ाया करते थे।

निशा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के मिरांडा हाउस महिला महाविद्यालय से अपना ग्रेजुएशन साल 2019 में पूरा किया। इसके बाद उन्होंने यूपीएससी की तैयारी शुरू की।

निशा से पहले उनके परिवार के ही भाई विक्रम ग्रेवाल ने भी 2 साल पहले यूपीएससी की परीक्षा क्लीयर की थी। वह IFS अधिकारी हैं।

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