UPSC: सिविल सेवा परीक्षा के दौरान मिली असफलताओं से कई उम्मीदवार हताश होकर दूसरी राह की ओर चल पड़ते हैं। वहीं, कुछ ऐसे भी लोग होते हैं जो लगातार मिलने वाली निराशा के बावजूद भी डटकर खड़े रहते हैं और अपने दृढ़ निश्चय और लगन के चलते सिविल सेवा परीक्षा में कामयाबी हासिल करते हैं। ऐसे ही एक कहानी है अनीषा तोमर की जिन्होंने जीवन में आने वाली कठिनाइयों के सामने कभी भी घुटने नहीं टेके और आखिरकार सफलता के मुकाम तक पहुंचीं।
अनीषा तोमर बचपन से ही पढ़ने में काफी तेज़ थीं। स्कूली शिक्षा पूरी करने के बाद उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल की है। ग्रेजुएशन के दौरान ही अनीषा ने यूपीएससी परीक्षा देने का मन बना लिया था और साल 2016 में डिग्री पूरी होते ही तैयारी भी शुरू कर दी थी। इसके लिए उन्होंने सबसे पहले यूपीएससी सिलेबस को अच्छी तरह से समझने का प्रयास किया। फिर उसी के अनुसार स्टडी मैटेरियल तैयार किया और नियमित रूप से पढ़ाई शुरू कर दी।
अनीषा ने साल 2017 में यूपीएससी परीक्षा का पहला अटेम्प्ट दिया था। इस परीक्षा में वह केवल कुछ अंकों से प्रीलिम्स पास करने में चूक गईं। इसके बाद जब उन्होंने अपना दूसरा अटेम्प्ट दिया तो वह प्रीलिम्स तो पास कर गईं लेकिन इस बार मेन्स में बात अटक गई। हालांकि, इस बात से निराश होने की जगह वह काफी प्रोत्साहित महसूस कर रही थीं। इस दौरान अनीषा ने खुद को सकारात्मक रखा और धैर्य के साथ पढ़ाई भी जारी रखी। उन्होंने अपनी कमियों को पहचाना और उसमें सुधार भी किया। आखिरकार, तीसरे प्रयास में अनीषा ने परीक्षा के तीनों चरण पास किए और 94वीं रैंक भी हासिल की थी।
अनीषा का मानना है कि यूपीएससी परीक्षा की तैयारी के लिए कोचिंग के अलावा सेल्फ स्टडी पर भरोसा करें और नोट्स बनाकर पढ़ने की आदत डालें। साथ ही मेन्स परीक्षा के लिए ऑप्शनल सब्जेक्ट का चुनाव बेहद सोच समझकर ही करें। वह कहती हैं कि अगर इस कठिन परीक्षा में आपको सफलता प्राप्त करनी है तो सही रणनीति के साथ साथ सकारात्मक सोच और धैर्य रखना बेहद आवश्यक है। इसके अलावा अपनी कमियों को पहचाने और उसमें सुधार करने का भी प्रयास करें।
UPSC: सेल्फ स्टडी से पाई दो बार यूपीएससी एग्जाम में सफलता, इस रणनीति से की तैयारी
The post UPSC: अनीषा तोमर ने दो बार किया असफलता का सामना, फिर तीसरे प्रयास में 94वीं रैंक के साथ ऐसे किया टॉप appeared first on Jansatta.
from एजुकेशन – Jansatta https://ift.tt/392mJW2
via IFTTT
UPSC: सिविल सेवा परीक्षा के दौरान मिली असफलताओं से कई उम्मीदवार हताश होकर दूसरी राह की ओर चल पड़ते हैं। वहीं, कुछ ऐसे भी लोग होते हैं जो लगातार मिलने वाली निराशा के बावजूद भी डटकर खड़े रहते हैं और अपने दृढ़ निश्चय और लगन के चलते सिविल सेवा परीक्षा में कामयाबी हासिल करते हैं। ऐसे ही एक कहानी है अनीषा तोमर की जिन्होंने जीवन में आने वाली कठिनाइयों के सामने कभी भी घुटने नहीं टेके और आखिरकार सफलता के मुकाम तक पहुंचीं।
अनीषा तोमर बचपन से ही पढ़ने में काफी तेज़ थीं। स्कूली शिक्षा पूरी करने के बाद उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल की है। ग्रेजुएशन के दौरान ही अनीषा ने यूपीएससी परीक्षा देने का मन बना लिया था और साल 2016 में डिग्री पूरी होते ही तैयारी भी शुरू कर दी थी। इसके लिए उन्होंने सबसे पहले यूपीएससी सिलेबस को अच्छी तरह से समझने का प्रयास किया। फिर उसी के अनुसार स्टडी मैटेरियल तैयार किया और नियमित रूप से पढ़ाई शुरू कर दी।
अनीषा ने साल 2017 में यूपीएससी परीक्षा का पहला अटेम्प्ट दिया था। इस परीक्षा में वह केवल कुछ अंकों से प्रीलिम्स पास करने में चूक गईं। इसके बाद जब उन्होंने अपना दूसरा अटेम्प्ट दिया तो वह प्रीलिम्स तो पास कर गईं लेकिन इस बार मेन्स में बात अटक गई। हालांकि, इस बात से निराश होने की जगह वह काफी प्रोत्साहित महसूस कर रही थीं। इस दौरान अनीषा ने खुद को सकारात्मक रखा और धैर्य के साथ पढ़ाई भी जारी रखी। उन्होंने अपनी कमियों को पहचाना और उसमें सुधार भी किया। आखिरकार, तीसरे प्रयास में अनीषा ने परीक्षा के तीनों चरण पास किए और 94वीं रैंक भी हासिल की थी।
अनीषा का मानना है कि यूपीएससी परीक्षा की तैयारी के लिए कोचिंग के अलावा सेल्फ स्टडी पर भरोसा करें और नोट्स बनाकर पढ़ने की आदत डालें। साथ ही मेन्स परीक्षा के लिए ऑप्शनल सब्जेक्ट का चुनाव बेहद सोच समझकर ही करें। वह कहती हैं कि अगर इस कठिन परीक्षा में आपको सफलता प्राप्त करनी है तो सही रणनीति के साथ साथ सकारात्मक सोच और धैर्य रखना बेहद आवश्यक है। इसके अलावा अपनी कमियों को पहचाने और उसमें सुधार करने का भी प्रयास करें।
UPSC: सेल्फ स्टडी से पाई दो बार यूपीएससी एग्जाम में सफलता, इस रणनीति से की तैयारी
The post UPSC: अनीषा तोमर ने दो बार किया असफलता का सामना, फिर तीसरे प्रयास में 94वीं रैंक के साथ ऐसे किया टॉप appeared first on Jansatta.
No comments:
Post a Comment